PADAMSRI KOLLAKAL DEVAKI AMMA G

 

Kollakkayil Devaki Amma G (कोल्लाक्कयिल देवकी अम्मा जी) 
🌿 कोल्लाक्कयिल देवकी अम्मा जी – परिचय और जीवन
कोल्लाक्कयिल देवकी अम्मा जी एक प्रसिद्ध पर्यावरणविद् और जंगल निर्माणकर्ता हैं, जिन्होंने अपने जीवन को प्रकृति संरक्षण और हरियाली फैलाने के समर्पित कर दिया। 
👶 प्रारंभिक जीवन
देवकी अम्मा का जन्म मुथुकुलम, अलाप्पुझा जिला, केरल में हुआ था। 
बचपन से ही उन्हें खेती-बाड़ी और प्रकृति से प्यार था, जो उनके दादा-दादी से सीखने को मिला। 
🌱 हरियाली का सफर
सन् 1980 में एक गंभीर कार दुर्घटना के कारण वे खेती नहीं कर पाईं। इसी समय उन्होंने अपने घर के आसपास के बंजर 4.5 एकड़ ज़मीन को एक छोटे-से जंगल (फॉरेस्ट) में बदलने का निर्णय लिया। 
उन्होंने शुरुआत में एक-एक पौधा रोज़ाना लगाना शुरू किया। धीरे-धीरे यह हरियाली फैलती गई और 3,000 से अधिक पेड़ एवं पौधे इस जंगल का हिस्सा बन गए। 
🌲 Tapovanam – एक महिला-निर्मित जंगल
अब यह जंगल “Tapovanam” के नाम से जाना जाता है – एक जीवित हरित पारिस्थितिकी तंत्र। 
यहाँ शामिल हैं:
✔ अधिकतर स्थानीय पेड़-पौधे
✔ दुर्लभ और औषधीय जड़ी-बूटियाँ
✔ फल-दाने वाले पेड़
✔ पक्षियों, मछलियों और छोटे-बड़े जीवों के लिए आवास 
Tapovanam अब छात्रों, शोधकर्ताओं और प्रकृति प्रेमियों के लिए एक सीखने और अध्ययन का स्थल भी बन चुका है। 
🏆 सम्मान और पहचान 
🪔 पद्मश्री सम्मान (Padma Shri 2026)
जनवरी 2026 में भारत सरकार ने देवकी अम्मा जी को पद्मश्री से सम्मानित किया, जो भारत का चौथा सर्वोच्च नागरिक सम्मान है। �
उन्हें यह पर्यावरण संरक्षण और हरियाली फैलाने के लिए उनके चार दशक से भी अधिक समय के समर्पण के लिए दिया गया। �

🙏 उनका संदेश
देवकी अम्मा ने कहा कि यह सम्मान ईश्वर की मान्यता जैसा है और वह इसे “धरती माता की कृपा” मानती हैं।
उनका विचार है कि हर व्यक्ति कम-से-कम एक पेड़ जरूर लगाये और उसकी रक्षा करे। 
🌟 अन्य उपलब्धियाँ और योगदान
✔ Nari Shakti Puraskar (राष्ट्रीय महिला सशक्तिकरण पुरस्कार) – भारत सरकार द्वारा उन्हें पहले भी सम्मानित किया गया था। 
✔ कई पर्यावरण और सामाजिक संगठनों द्वारा उन्हें सम्मान और पहचान प्राप्त हुई।
🌼 देवकी अम्मा का दर्शन
देवकी अम्मा ने दिखाया कि छोटा-सा लक्ष्य भी बड़ी बदलाव की ओर ले जा सकता है।
उनकी कहानी इस बात का प्रतीक है कि लगातार प्रयास, धैर्य और पर्यावरण के प्रति प्रेम से हम जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला सकते हैं।

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